नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सरकार के प्रमुख के रूप में लगातार 25 वर्ष पूरे करने पर दुनिया के विभिन्न नेताओं की ओर से मिले शुभकामना संदेशों के लिए आभार जताया। प्रधानमंत्री मोदी ने सर्बिया, जापान और दक्षिण कोरिया के नेताओं के संदेशों का जवाब देते हुए भारत के साथ द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करने तथा वैश्विक शांति, स्थिरता और समृद्धि के लिए मिलकर काम करने का भरोसा जताया।
प्रधानमंत्री ने सर्बिया के राष्ट्रपति अलेक्जेंडर वुचिच के संदेश के जवाब में कहा कि वह भारत-सर्बिया साझेदारी को और ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए उत्सुक हैं। वहीं, जापान की प्रधानमंत्री साने ताकाइची की शुभकामनाओं के लिए आभार जताते हुए पीएम मोदी ने जुलाई में उनकी भारत यात्रा को यादगार बताया। उन्होंने कहा कि भारत और जापान अपनी लंबे समय से चली आ रही दोस्ती को आगे बढ़ाते हुए वैश्विक शांति, स्थिरता और समृद्धि के लिए साथ काम करते रहेंगे। भारत-जापान राजनयिक संबंधों की 75वीं वर्षगांठ को उन्होंने दोनों देशों के रिश्तों को नई ऊंचाई देने का अवसर बताया।
दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे-म्यंग को धन्यवाद देते हुए पीएम मोदी ने अप्रैल में उनकी भारत यात्रा को याद किया। प्रधानमंत्री ने कहा कि इस यात्रा से भारत-दक्षिण कोरिया विशेष रणनीतिक साझेदारी को नई गति मिली। उन्होंने दोनों देशों के बीच बहुआयामी सहयोग को और गहरा करने तथा साझा वैश्विक लक्ष्यों के लिए मिलकर काम करने का विश्वास जताया।
25 साल का राजनीतिक सफर
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 7 अक्टूबर 2001 को गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेकर सरकार के प्रमुख के तौर पर अपनी राजनीतिक यात्रा शुरू की थी। बुधवार को उन्होंने इस भूमिका में लगातार 25 वर्ष पूरे किए। अक्टूबर 2001 में उन्हें केशुभाई पटेल के स्थान पर गुजरात का मुख्यमंत्री बनाया गया था। उस समय गुजरात भुज भूकंप की विनाशकारी त्रासदी के साथ-साथ कई राजनीतिक और प्रशासनिक चुनौतियों से गुजर रहा था।
मोदी वर्ष 2001 से 2014 तक गुजरात के मुख्यमंत्री रहे। इसके बाद 2014 में उन्होंने देश के प्रधानमंत्री का पद संभाला। प्रधानमंत्री के रूप में उनके कार्यकाल में भारत की वैश्विक कूटनीतिक सक्रियता बढ़ी है और प्रमुख वैश्विक शक्तियों के साथ संबंधों को मजबूत करने के साथ-साथ ग्लोबल साउथ में भारत की भूमिका को भी प्रमुखता मिली है।
(एजेंसियों और PIB के इनपुट के साथ)