‘कभी नहीं सोचा था Toxic के सामने एक दिन भी टिक पाएंगे’: ‘Hanuman Ansh’ की को-प्रोड्यूसर रागिनी सोना
यश स्टारर ‘Toxic’ की रिलीज के बाद सिनेमाघरों में लगातार कम होते स्क्रीन काउंट के बावजूद ‘Hanuman Ansh’ को थिएटर्स में बनाए रखने के लिए टीम ने काफी संघर्ष किया। फिल्म की को-प्रोड्यूसर रागिनी सोना ने Screen को दिए इंटरव्यू में फिल्म के सफर और ‘Toxic’ से मुकाबले को लेकर खुलकर बात की।
रागिनी ने बताया कि फिल्म ने पहले सप्ताह में सामान्य प्रदर्शन किया और शुरुआत करीब 350 थिएटर्स से हुई थी। लेकिन दूसरे सप्ताह में ‘Awarapan 2’ और ‘Toxic’ जैसी दो बड़ी फिल्मों की रिलीज के बाद ‘Hanuman Ansh’ के स्क्रीन घटकर महज 25-30 थिएटर्स रह गए। उनके मुताबिक, यह बेहद बड़ा डाउनफॉल था।
इसके बावजूद फिल्म की टीम ने हिम्मत नहीं छोड़ी। ‘Toxic’ और ‘Hanuman Ansh’ को भले ही बॉक्स ऑफिस पर एक-दूसरे का प्रतिद्वंद्वी माना गया, लेकिन रागिनी सोना के मुताबिक टीम के मन में ‘Toxic’ के खिलाफ कोई मुकाबला नहीं था।
उन्होंने फिल्म के एक डायलॉग का जिक्र करते हुए कहा, “हनुमान चालीसा पढ़ते हो, फिर भी डरते हो?” रागिनी ने बताया कि फिल्म से जुड़े लोग एक-दूसरे को यही डायलॉग याद दिलाते थे, क्योंकि कहीं न कहीं थोड़ी चिंता जरूर थी। उनका कहना था कि टीम ने बाबा के प्रति पूरी आस्था रखते हुए खुद को उनके चरणों में समर्पित कर दिया था।
रागिनी ने यह भी स्पष्ट किया कि टीम ने कभी नहीं चाहा कि ‘Toxic’ खराब प्रदर्शन करे। उनके मुताबिक, ‘Toxic vs Hanuman Ansh’ की कहानी लोगों और मीडिया ने बनाई थी। टीम ने तो कभी यह सोचा ही नहीं था कि वे ‘Toxic’ के सामने एक दिन भी टिक पाएंगे।
उन्होंने कहा, “हमने सोचा था कि हमारी फिल्म ‘Toxic’ के साथ-साथ धीरे-धीरे चलती रहेगी और यही हमारी यात्रा होगी।”
फिल्म के बारे में
‘Hanuman Ansh’ का निर्देशन विशाल चतुर्वेदी ने किया है। यह एक ट्रायलॉजी की पहली फिल्म है और ‘Divine Detour: That Changed My Life’ किताब पर आधारित है। फिल्म में नीम करोली बाबा के जीवन को केंद्र में रखा गया है।
फिल्म में शोभिनाव सत्य, विहान शेडगे, चंदन आनंद, पूर्णिमा तिवारी, अनिल रस्तोगी और गुलशन पांडे प्रमुख भूमिकाओं में नजर आए हैं।