- बजट 2026–27: पर्यटन को मिला बड़ा बढ़ावा, हेरिटेज, बौद्ध सर्किट और ट्रैकिंग पर खास फोकस
नई दिल्ली। केंद्रीय बजट 2026–27 में सरकार ने पर्यटन को एक सालभर रोज़गार देने वाले प्रमुख सेवा क्षेत्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में कई अहम घोषणाएं की हैं।
इस बजट में पर्यटन को केवल मौसमी गतिविधि न मानकर रोज़गार सृजन, क्षेत्रीय विकास और सांस्कृतिक संरक्षण से जोड़ने की स्पष्ट नीति दिखाई देती है।
सरकार का फोकस पर्यटन को बड़े शहरों तक सीमित रखने के बजाय ग्रामीण, सीमावर्ती और कम विकसित क्षेत्रों तक फैलाने पर है।
🔹 बजट 2026 के प्रमुख पर्यटन ऐलान (Important Highlights)
▶️ पर्यटन को रोज़गार से जोड़ने पर ज़ोर
- पर्यटन को ईयर-राउंड एम्प्लॉयमेंट जनरेटर के रूप में पेश किया गया
- ट्रांसपोर्ट, संस्कृति, स्वास्थ्य और स्किल डेवलपमेंट से पर्यटन को जोड़ा गया
🔹 ट्रेनिंग और संस्थागत सुधार
- नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ हॉस्पिटैलिटी की स्थापना का ऐलान
- IIMs के सहयोग से 12 हफ्ते का पायलट प्रोग्राम
- 20 टूरिस्ट डेस्टिनेशन पर
- 10,000 टूरिस्ट गाइड किए जाएंगे प्रशिक्षित
- ट्रेनिंग में भाषा ज्ञान, डेस्टिनेशन नॉलेज और रोजगार योग्यता पर फोकस
- डिजिटल टूरिज़्म नॉलेज ग्रिड की शुरुआत
- हेरिटेज, सांस्कृतिक और प्राकृतिक स्थलों का डिजिटल मैपिंग
🔹 हेरिटेज और धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा
- देश के 15 पुरातात्विक स्थलों को विकसित किया जाएगा
- प्रमुख स्थल: धोलावीरा, राखीगढ़ी, सारनाथ
- नॉर्थ-ईस्ट में बौद्ध पर्यटन सर्किट योजना
- अरुणाचल प्रदेश, असम, मणिपुर, मिजोरम, सिक्किम, त्रिपुरा शामिल
- मठों का संरक्षण, तीर्थयात्रियों की सुविधाएं और कनेक्टिविटी
- अंतरराष्ट्रीय बौद्ध पर्यटकों को आकर्षित करने का लक्ष्य
🔹 नेचर, एडवेंचर और रेल पर्यटन
- पर्वतीय और सीनिक ट्रेन सेवाएं
- उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश
- जम्मू-कश्मीर, अराकू वैली (ईस्टर्न घाट), वेस्टर्न घाट
- नए पर्यटन अनुभव:
- बर्ड वॉचिंग रूट
- ट्रैकिंग और हाइकिंग ट्रेल्स
- केरल में कछुआ संरक्षण आधारित पर्यटन
- लद्दाख सहित कई क्षेत्रों में एस्ट्रो-टूरिज़्म (Astro Tourism)
- टेलीस्कोप और ऑब्ज़र्वेशन सुविधाओं का उन्नयन
🔹 मेडिकल और वेलनेस टूरिज़्म
- 5 क्षेत्रीय मेडिकल टूरिज़्म हब बनाने का प्रस्ताव
- पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप के तहत
- अस्पताल
- डायग्नोस्टिक सुविधाएं
- AYUSH सेवाएं
- रिहैबिलिटेशन सेंटर्स
🔹 यात्रियों के लिए राहत: TCS में कटौती
- विदेश यात्रा पैकेज पर TCS घटाकर 2%
- पहले 20% तक था
- टूर ऑपरेटर्स और यात्रियों के कैश फ्लो में सुधार की उम्मीद
🔹 कनेक्टिविटी और इंफ्रास्ट्रक्चर सपोर्ट
- 7 हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर का प्रस्ताव
- इनलैंड वॉटरवेज और कोस्टल शिपिंग का विस्तार
- पर्यटन स्थलों तक पहुंच आसान होने की संभावना
🟢 कुल मिलाकर
बजट 2026–27 में पर्यटन को लेकर सरकार की नीति पहले से अधिक स्पष्ट, समन्वित और रोजगार-केंद्रित दिखाई देती है।
हेरिटेज, बौद्ध सर्किट, नेचर और मेडिकल टूरिज़्म पर फोकस यह संकेत देता है कि आने वाले वर्षों में पर्यटन क्षेत्रीय विकास का अहम इंजन बन सकता है—हालांकि इन योजनाओं की सफलता काफी हद तक जमीनी क्रियान्वयन पर निर्भर करेगी।