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मिलावटखोरी पर पूरी तरह से कसी जाए नकेल: स्वास्थ्य मंत्री

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dr dhan singh

-हाईजिन रेटिंग व ईट राइट कैंपस के लिए किया सम्मानित

देहरादून: प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री डॉ धन सिंह रावत ने आज स्थानीय होटल में आयोजित कार्यक्रम में खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग उत्तराखंड के ऑनलाइन पोर्टल का लोकार्पण के साथ साथ ईट राइट अभियान के विभिन्न कार्यक्रमों का शुभारंभ किया।

इस अवसर पर स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि जन स्वास्थ्य की सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता पर शामिल है। उन्होंने कहा कि पहली बार इस तरह का कोई पोर्टल विभाग की ओर से लांच किया गया है। इस पोर्टल के माध्यम से समूचे विभाग की कार्यप्रणाली को पारदर्शी बनाने का प्रयास किया जा रहा है। पोर्टल पर सैंपल लेने से लेकर लैब में पहुँचने और रिजल्ट तक को पोर्टल पर आसानी से ट्रैक किया जा सकेगा। उन्होंने कहा कि विभाग प्रशिक्षण पर विशेष ध्यान दे रहा है। सुरक्षित आहार, स्वास्थ्य का आधार नारा दिया गया है। उन्होंने कहा कि मैंने विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया है कि एक माह तक प्रदेशभर में विशेष अभियान चलाया जाए और एक लाख से ज्यादा खाद्य कारोबारियों के रजिस्ट्रेशन किये जाएं। इसी तरह औषधि विभाग भी अभियान चलाए।

उन्होंने कहा कि सरकार का पूरा प्रयास है कि मिलावटखोरी पर पूरी तरह से नकेल कसी जाए। सरकार का मानना है कि लोगों को अच्छा खानपान मिले। इसके लिए जनजागरण अभियान चलाए जाएंगे। मिलावटखोरी रोकने के लिए जिला प्रशासन के साथ ही आमजन का सहयोग लिया जाए। लोगों से भी अपेक्षित है कि वे अपनी शिकायतें पोर्टल पर दर्ज कराएं। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार मिलावटखोरों को कड़ा संदेश देना चाहती है। ऐसा करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।

उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग का लक्ष्य है कि आगामी 15 दिसंबर तक हर हाल में कोविड वैक्सीनेशन की डबल डोज शत प्रतिशत प्राप्त कर ली जाए। प्रयास है कि देश मे उत्त्तराखण्ड ऐसा करने वाला प्रथम राज्य बने।

स्वास्थ्य मंत्री ने इस अवसर पर इंडस्ट्री की समस्याओं का संज्ञान लेते हुए सचिव को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।

इस अवसर पर एफडीए के कमिश्नर डॉ पंकज पांडेय ने ईट राइट अभियान की महत्ता पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि समय के साथ खानपान में बहुत बदलाव आ रहे हैं। सही खानपान न होने के कारण लोग तमाम बीमारियों की चपेट में आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि इन सब को देखते हुए हम खाने में सुधार करते हैं तो बहुत सी बीमारियों को दूर रखा जा सकता है। उन्होंने हाइजिन रेटिंग के पीछे भी उद्देश्य यही है कि रेस्टोरेंट में खाने जाने वाले को ज्ञात हो कि वह किस स्तर के प्रतिष्ठान में जा रहा है। इसके लिए रेस्टोरेंट आदि के बाहर रेटिंग भी डिस्प्ले कराई जा रही है।

इस अवसर पर विशिष्ट अतिथि एवं क्षेत्रीय विधायक हरबंश कपूर ने भी अपने विचार प्रकट किए। एफडीए के अपर आयुक्त अरुणेंद्र चौहान ने विभाग की गतिविधियों के बारे में जानकारी प्रदान की। एफडीए के डिप्टी कमिश्नर गणेश चंद्र कंडवाल की ओर से सभी का धन्यवाद ज्ञापित किया गया। कार्यक्रम में स्वास्थ्य महानिदेशक डॉ तृप्ति बहुगुणा, आईआईपी के निदेशक डॉ अंजन रे, ड्रग कंट्रोलर हेमंत नेगी, एडिशनल ड्रग कंट्रोलर एसएस भंडारी, इंडस्ट्री एसोसिएशन से अनिल मारवाह के अलावा तमाम खाद्य कारोबारी आदि उपस्थित रहे।

कार्यक्रम में हाइजिन रेटिंग व ईट राइट कैंपस के लिए खाद्य कारोबारियों आदि को स्वास्थ्य मंत्री डॉ धन सिंह रावतनके द्वारा प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित भी किया गया। देहरादून से कुमार स्वीट शॉप के संचालक नितिन वर्मा, एरोडाइन से विषाद शर्मा, आइटीसी फार्च्यून से हेमंत मजखोला व विनीत गुप्ता, आईटीसी सेवॉय से गौतम वानी व राजीव बडोला एवं केदारनाथ धाम के प्रतिनिधि को भोग योजना के अंतर्गत सम्मानित किया गया।
इनके अलावा आइटीसी हरिद्वार से अल्ताफ हुसैन व जेसी पाठक, चंडी देवी मंदिर से, आईआईटी रुड़की से प्रोफेसर सतीश, पुष्पा चौधरी, अमित भोसले, डीपीएस रानीपुर से अनुपम जग्गा व उनकी टीम को सम्मानित किया गया। इनके अलावा जे डब्लू मैरियट टिहरी समेत अन्य संस्थाओं के पदाधिकारियों को सम्मानित किया गया।