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देश के किसानों के संघर्ष ने किसानी को बचाया है,कर्नल अजय कोठियाल ने ट्वीट कर किसानों को बधाई

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किसानों की जीत पर कर्नल कोठियाल ने कहा,आंदोलन में शहीद हुए किसानों को शहादत का दर्जा,1 करोड़ रुपए और परिजनों को नौकरी दे केंद्र सरकार:आप

काले कानूनों पर एक बरस तक आंदोलन और सैकड़ों शहादत देने के बाद हुई किसानों की जीत,उत्तराखंड में  आप ने बांटी मिठाइयां:आप

आज किसानों के तीन काले कानूनों की वापसी पर आप कार्यकर्ताओं ने पूरे प्रदेश में किसानों से मिलकर उनको बधाई दी और मिठाइयां बांटी। आप सीएम प्रत्याशी देते हुए कहा,

गुरु नानक देव जी के प्रकाश पर्व पर लम्बे संघर्ष और 700 से ज़्यादा शहादतों के बाद किसानों को मिली सफलता पर  हार्दिक बधाई

 पूरा देश हमारे इन क्रांतिकारी किसानों को नमन करता है, किसानों की शहादत अमर रहेगी


देहरादून: आप सीएम प्रत्याशी कर्नल कोठियाल ने एक बयान जारी करते हुए कहा, आज का दिन भारत के इतिहास में 15 अगस्त और 26 जनवरी की तरह लिखा जाएगा, आज लोकतंत्र की जीत हुई है।आज किसानों ने सभी सरकारों को बता दिया जनतंत्र में सिर्फ और जनता ही मालिक होती है। भारत का ये किसान आंदोलन पूरी दुनिया के लिए एक सफल अहिंसक आंदोलन का सबूत है। पूरी दुनिया में इतना बड़ा और लंबा आंदोलन शायद ही कभी हुआ होगा।

लेकिन एक बात का दुख है कि इस आंदोलन में   700 से ज्यादा किसानों की जान चली गई, अगर केंद्र सरकार पहले ही ये कानून वापस ले लेती तो उन किसानों की जान बचाई जा सकती थी। उन्होंने कहा  हमारी आने वाली पीडियां याद रखेंगी की कैसे आपके संघर्ष और बलिदान ने किसान और किसानी की रक्षा करी. जो सर्द रातों में, तेज़ बारिश में लाठी डंडों के बाद भी हमारी  किसानी को बचाने के लिए डटे रहे, उन तमाम किसानों को मैं और सभी आप कार्यकर्ता  नमन करते हैं .


 इस दौरान कर्नल कोठियाल ने कहा,केंद्र की बीजेपी सरकार ने किसानों के साथ जो अत्याचार किए और आंदोलन की वजह से 700 से ज्यादा किसानों ने शहादत दी। कर्नल कोठियाल ने केंद्र की बीजेपी सरकार से  मांग करते हुए कहा  अब सरकार को उन 700 से ज्यादा  किसानों को शहीद का दर्जा देना चाहिए और उन परिवारों को 1 करोड़ रुपए के साथ उनके परिजनों को सरकारी नौकरी देनी चाहिए। उन्होंने कहा सरकार की तानाशाही की वजह से जिन किसानों को अपने परिजनों को खोना पड़ा सरकार को उन परिवारों से माफी भी मांगनी चाहिए। उन्होंने कहा जब इन मांगों को माना जाएगा तो देश के शहीद हुए किसानों को ये सच्ची श्रद्धांजलि होगी।

इसके अलावा उन्होंने कहा,देश याद रखेगा की कृषि कानूनों के खिलाफ एक बरस के आंदोलन के दौरान भाजपाईयों ने किसानों को आतंकी, खालिस्तानी, आंदोलन परजीवी, दलाल जैसी कई संज्ञाए दी और कृषि कानूनों को सही साबित करने के लिए तमाम कुतर्क दिए और आज चुनावों में अपनी हार देखकर तीनों काले कानून को वापिस लेने की घोषणा की.उन्होंने कहा किसानों की   ताकत ने दिखा दिया कि सरकारें झुकती है बस उनको झुकाने वाला चाहिए.